खरसिया विधानसभा क्षेत्र में भाजपा कार्यकर्ताओं का जुनून बना जीत का मूल मंत्र?
2028 में जीत सुनिश्चित, बशर्ते संगठन बचे 'शंकुनियो ' से एक मजदूर भी बन सकता है विजयी प्रत्याशी!

खरसिया, 5 अगस्त 2025/
खरसिया विधानसभा क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी के जमीनी कार्यकर्ताओं का अभूतपूर्व जोश और समर्पण आने वाले 2028 के विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत का स्पष्ट संकेत दे रहा है। यहां कार्यकर्ताओं का जमीनी जुड़ाव और सेवा भाव ही वह शक्ति बन रही है, जो भाजपा को नई ऊंचाइयों पर ले जा सकती है।
स्थानीय राजनीतिक समीकरणों की बात करें तो खरसिया में कार्यकर्ताओं का विश्वास है कि यदि संगठन भीतरघातियों और ‘ शंकुनियो’ से सतर्क रहकर निर्णय ले, तो यहां से एक साधारण मजदूर को भी प्रत्याशी बनाकर विजय सुनिश्चित की जा सकती है।
क्षेत्र में लगातार सक्रियता दिखा रहे भाजपा कार्यकर्ता, चाहे वह ग्राम स्तर के अभियान हों, जनसंपर्क, सामाजिक सेवा या राजनीतिक जनजागरण—हर मोर्चे पर पार्टी का झंडा बुलंद किए हुए हैं। ऐसे समर्पित कार्यकर्ताओं का मानना है कि पार्टी को अब “ऊपर से थोपा गया चेहरा” नहीं, बल्कि धरातल पर खड़े उस कर्मशील और जनप्रिय कार्यकर्ता को आगे लाना चाहिए जो आम जनता से सीधा जुड़ा हो।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, यदि संगठन स्तर पर निष्पक्षता और पारदर्शिता बनी रही और निर्णयों में “गुटबाजी” या “प्रभावशाली लॉबी” की जगह कार्यकर्ताओं की भावना को प्राथमिकता दी गई, तो खरसिया सीट पर 2028 में भाजपा की ऐतिहासिक जीत संभव है।
जनता चाहती है बदलाव, कार्यकर्ता तैयार हैं संघर्ष के लिए।
अब समय है कि भाजपा अपने संगठनात्मक ढांचे में आत्ममंथन करे और समर्पित कार्यकर्ताओं को उनका उचित स्थान दे। तभी “पार्टी विद डिफरेंस” की छवि और जनआशाओं के बीच सही संतुलन स्थापित हो पाएगा।



