शिक्षक संघ वरिष्ठता की मांग को लेकर ओ पी चौधरी को सौंपा ज्ञापन

रायगढ़:- छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय शिक्षक संघ के प्रांतीय एवं रायगढ़ जिले के प्रतिनिधि मंडल के सदस्यों द्वारा छत्तीसगढ़ शासन के वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी से सर्किट हाउस रायगढ़ में सौजन्य मुलाकात कर प्रदेश भर के 25000 से अधिक स्थानांतरण से वरिष्ठता प्रभावित शिक्षकों की समस्याओं को रखते हुए समाधान हेतु आग्रह किया। जिसके संबंध में माननीय मंत्री महोदय जी के द्वारा सुनकर आश्वस्त किया गया कि आप लोगों की समस्याओं से हम अवगत हैं। साथ ही इस समस्या की समाधान हेतु माननीय शिक्षा मंत्री महोदय जी से एवं विभागीय प्रमुख अधिकारियों से भी तत्काल बात कर समाधान हेतु पहल किये जाने की बात कही गई है। आज के मुलाकात के दौरान हुई चर्चाएं बहुत ही सकारात्मक रहीं। उनकी बातों को सुनकर वरिष्ठता प्रभावित शिक्षकों की अपेक्षाएं हैं कि माननीय मंत्री महोदय जी के द्वारा जरूर समाधान कराया जाएगा।
ज्ञात हो कि वर्ष 2018 में तत्कालीन मुख्यमंत्री माननीय श्री रमन सिंह जी के द्वारा पंचायत संवर्ग के शिक्षकों का संविलियन स्कूल शिक्षा विभाग में मूल शर्त 8 वर्ष या अधिक की सेवा अर्थात नियुक्ति तिथि से किया गया। इसी साथ समय-समय कई संविलियन आदेश -निर्देश जारी किए गए। जिसमें यह तो स्पष्ट है कि सभी शिक्षकों का संविलियन, संविलियन आदेश क्र 1 के आधार पर किया गया। साथ ही उक्त आदेश के संदर्भ में ही वरिष्ठता निर्धारण हेतु क्रमशः संविलियन निर्देश 5,7 एवं 11जारी किये गए। जिसमें अंतिम क्रम में देखा जाए तो शिक्षा विभाग में एकरूपता रहे के उद्देश्य के साथ वरिष्ठता निर्धारित करने हेतु संविलियन निर्देश 7-6 एवं 11-2 जारी किया गया। जिसमें स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि पंचायत संवर्ग के शिक्षकों की वरिष्ठता की गणना सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देशानुसार यथा – नियुक्ति तिथि, पदोन्नति दिनांक, जन्मतिथि के आधार पर किया जाए। साथ ही नियोक्ता द्वारा सूची के साथ यह प्रमाण पत्र भी दिया गया कि वरिष्ठता का निर्धारण संविलियन निर्देशों एवं सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देशानुसार किया गया है। जबकि वर्तमान में स्कूल शिक्षा स्थानांतरण से आए शिक्षकों की वरिष्ठता का निर्धारण संविलियन निर्देश क्र 5-9 से जो कि मूलतः पंचायत विभाग का नियम है जिसे शिक्षा विभाग में लागू की जा रही है। जिसके कारण आज प्रदेश में नीतिगत भेद-भाव का शिकार होना पड़ रहा है और वरिष्ठ शिक्षक स्थानांतरण के कारण कनिष्ठ बन गए और कनिष्ठ शिक्षक वरिष्ठ बना दिए जा रहे हैं। ऐसी स्थिति में शासन के ऊपर अनावश्यक वित्तीय भार भी बढ़ा है। इस समस्या से महिला शिक्षिकाएं ज्यादा पीड़ित हैं। ऐसी कई कारणों को देखते हुए छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय शिक्षक संघ भेद-भाव पूर्ण नीतिगत संविलियन निर्देश क्र 5 के बिंदु 9 को विलोपित, संशोधित या शिथिल किये जाने एवं संविलियन निर्देश क्र 7- 6, 11-2 एवं नियोक्ता द्वारा जारी प्रमाण पत्र में दिए गए शर्त सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देशानुसार समस्त संविलियन पूर्व/पश्चात स्थानांतरित शिक्षकों की वरिष्ठता निर्धारण की मांग कर रहा है। इस दौरान प्रांतीय महिला प्रकोष्ठ श्रीमती अंजुलता महंत, प्रदेश उपाध्यक्ष श्री ईश्वर प्रसाद बिषी, रायगढ़ जिलाध्यक्ष श्री बलराम सिदार, सुश्री सरस्वती सिदार, सर्व श्री हरिशंकर साहू, राजीव गुप्ता, किशोर कुर्रे, रूपेंद्र डनसेना, जयप्रकाश खूंटे, कमलेश्वर सारथी, वीरेंद्र यादव, रोशन डनसेना, विनोद कुमार, श्याम कुमार साहू, बलराम पटेल, लोकेश साव संजय टोप्पो, विजय भास्कर, पदमन रात्रे, मनोज पंडा, राजकमल पटेल के साथ बहुत सारे वरिष्ठता प्रभावित शिक्षक उपस्थित थे।



